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📜 भाग 10

अनुसूचित और जनजाति क्षेत्र

The Scheduled and Tribal Areas

अनुच्छेद 244 से 244A | Articles 244 to 244A

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भाग 10 क्या है?

संविधान के भाग 10 में अनुसूचित और जनजातीय क्षेत्रों के प्रशासन का वर्णन है (अनुच्छेद 244-244A)। इसमें पांचवीं अनुसूची और छठी अनुसूची के प्रावधान हैं। इसका उद्देश्य जनजातीय समुदायों के हितों की रक्षा और स्वायत्त प्रशासन सुनिश्चित करना है।

📋 दो अनुसूचियां

Fifth & Sixth Schedules

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पांचवीं अनुसूची

Fifth Schedule

Article 244(1)

अनुसूचित क्षेत्रों और अनुसूचित जनजातियों का प्रशासन

  • लागू राज्य: 10 राज्य - आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, झारखंड, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, ओडिशा, राजस्थान, गुजरात, हिमाचल प्रदेश
  • जनजाति सलाहकार परिषद: प्रत्येक राज्य में
  • राज्यपाल की शक्तियाँ: कानूनों में संशोधन/अपवाद
  • राष्ट्रपति: अनुसूचित क्षेत्र घोषित करना
  • उद्देश्य: जनजातियों का कल्याण और विकास
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छठी अनुसूची

Sixth Schedule

Article 244(2)

असम, मेघालय, त्रिपुरा, मिजोरम के जनजातीय क्षेत्रों का प्रशासन

  • स्वायत्त जिला परिषद: Autonomous District Councils (ADC)
  • स्वायत्त क्षेत्रीय परिषद: Autonomous Regional Councils
  • शक्तियाँ: भूमि, वन, कृषि, ग्राम प्रशासन, न्याय
  • सदस्य: 30 तक - निर्वाचित + मनोनीत
  • कानून बनाने की शक्ति: स्थानीय विषयों पर
📖 महत्वपूर्ण अनुच्छेद

Key Articles

अनुच्छेद 244

अनुसूचित और जनजातीय क्षेत्रों का प्रशासन

244(1): पांचवीं अनुसूची के प्रावधान अनुसूचित क्षेत्रों और अनुसूचित जनजातियों के प्रशासन पर लागू होंगे।

244(2): छठी अनुसूची के प्रावधान असम, मेघालय, त्रिपुरा और मिजोरम के जनजातीय क्षेत्रों पर लागू होंगे।

अनुच्छेद 244A

असम में स्वायत्त राज्य का गठन

संसद कानून द्वारा असम राज्य के भीतर कुछ जनजातीय क्षेत्रों को मिलाकर एक स्वायत्त राज्य बना सकती है।

शर्तें: स्थानीय विधानमंडल या मंत्रिपरिषद हो सकता है। उदाहरण: मेघालय (1972 में पूर्ण राज्य बना)।

ℹ️ नोट: यह प्रावधान 1969 के 22वें संशोधन द्वारा जोड़ा गया।
📋 पांचवीं अनुसूची

Fifth Schedule - Key Features

👨‍⚖️

जनजाति सलाहकार परिषद

20 सदस्य तक। 3/4 सदस्य अनुसूचित जनजाति के। राज्यपाल को सलाह देना।

⚖️

राज्यपाल की शक्तियाँ

संसद/विधानमंडल के कानूनों को अनुसूचित क्षेत्रों में लागू करने या अपवाद देने की शक्ति।

📊

राष्ट्रपति की रिपोर्ट

राज्यपाल प्रत्येक वर्ष राष्ट्रपति को रिपोर्ट भेजेगा। केंद्र सरकार निर्देश दे सकती है।

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भूमि हस्तांतरण

अनुसूचित जनजाति की भूमि गैर-जनजाति को हस्तांतरित करने पर प्रतिबंध।

📋 छठी अनुसूची

Sixth Schedule - Key Features

🏛️

स्वायत्त जिला परिषद

30 सदस्य तक। 26 निर्वाचित, 4 राज्यपाल द्वारा मनोनीत। 5 वर्ष कार्यकाल।

📝

कानून बनाने की शक्ति

भूमि, वन, जल, कृषि, ग्राम प्रशासन, विवाह, सामाजिक रीति-रिवाज, विरासत पर कानून।

⚖️

न्यायिक शक्तियाँ

जनजातीय मामलों में न्याय। ग्राम न्यायालय। राज्यपाल की स्वीकृति से कानून लागू।

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वित्तीय शक्तियाँ

कर लगाना, शुल्क वसूलना। भूमि राजस्व। वन उत्पाद। खनिज रॉयल्टी का हिस्सा।

📌 महत्वपूर्ण बिंदु

Key Points

🗺️

अनुसूचित क्षेत्र

राष्ट्रपति द्वारा घोषित। जनजातीय बहुल क्षेत्र। विशेष प्रशासन। पांचवीं अनुसूची लागू।

🏔️

जनजातीय क्षेत्र

पूर्वोत्तर के 4 राज्य। छठी अनुसूची लागू। अधिक स्वायत्तता। ADC व्यवस्था।

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जनजाति सलाहकार परिषद

प्रत्येक अनुसूचित क्षेत्र वाले राज्य में। जनजातियों के कल्याण पर सलाह।

⚖️

राज्यपाल की भूमिका

अनुसूचित क्षेत्रों का प्रशासन। कानूनों में संशोधन। केंद्र को रिपोर्ट। विशेष शक्तियाँ।

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Source: Government of India Acts, Official Gazettes and Public Legal Documents.
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